चिन्हित किए हुए जर्जर भवनों को डिस्मेंटल करने के लिए आवश्यक कार्यवाही करें
जिले में विभिन्न स्थानों पर सर्वे कर भिक्षावृत्ति के संबंध में शासन द्वारा जारी निर्देशों के संबंध में आवश्यक कार्यवाही की जाए
शिविर लगाकर तथा पंचायत एवं वार्ड वार डोर टू डोर सर्वे कर समग्र तथा पेंशन प्रकरणों में ई केवाईसी किया जाना सुनिश्चित करें
समय सीमा बैठक में कलेक्टर ने विभागवार योजनाओं की कार्यप्रगति की समीक्षा कर अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा निर्देश
नर्मदापुरम। समस्त अधिकारी अपने-अपने अधीनस्थ विभागों में सार्थक ऐप के माध्यम से सभी अधिकारी कर्मचारियों की उपस्थित की नियमित रूप से समीक्षा करते रहे। चिन्हित किए हुए जर्जर भवन भी डिस्मेंटल किए जाएं अथवा उन्हें सील कर उन भवनों में किसी भी प्रकार की गतिविधि ना संचालित हो यह सुनिश्चित करें। सिकल सेल एनीमिया के लिए बच्चों की नियमित रूप से स्क्रीनिंग की जाए। उक्त निर्देश कलेक्टर सोनिया मीना द्वारा बुधवार को कलेक्टर कार्यालय के सभा कक्ष में साप्ताहिक समय सीमा बैठक में सभी जिला अधिकारियों को दिए। बैठक के दौरान कलेक्टर ने जिले में संचालित की जा रही शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं, शासन द्वारा जारी निर्देशों के परिपालन में की जा रही कार्यवाही, पौधारोपण अभियान, एवं अन्य प्रकरणों पर की गई कार्यवाही की समीक्षा कर उपस्थित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
कलेक्टर ने जिले के समस्त कार्यालय में सुशासन संबंधी दिशा निर्देशों के परिपालन में की गई कार्यवाहियों की समीक्षा की। उल्लेखनीय है कि पूर्व में जिला अधिकारियों को अपने अधीनस्थ कार्यालय में सार्थक ऐप के माध्यम से उपस्थित दर्ज करने, कार्यालय में एक सहायता शाखा स्थापित करने तथा उसकी पंजी संधारण के लिए एवं कर्मचारियों को मासिक लक्ष्य प्रदाय कर उनके कार्य प्रदर्शन के आधार पर उनकी ग्रेडिंग किए जाने के लिए निर्देशित किया गया था। कलेक्टर द्वारा उक्त संबंध में कार्यालयों द्वारा कार्यवाही की समीक्षा की गई एवं जिन कार्यालयों में अभी तक निर्देशों के अनुसार कार्य नहीं किया जा रहा है उनको निर्देशित किया गाया है कि दो दिवसों में कार्यवाही कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने बैठक के दौरान कुछ विभागों की सार्थक ऐप पर उपस्थित का डाटा भी देखा। उक्त विभागों के अधिकारी कर्मचारियों का उपस्थिति समय देखा एवं कर्मचारियों की अनुपस्थिति के संबंध में वास्तविक कारण अपडेट करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने कहा कुछ कार्यालयों में अभी भी कुछ कर्मचारी निर्धारित कार्यालयीन समय पर उपस्थित नहीं हो रहे हैं ऐसे कर्मचारियों को नोटिस जारी कर आवश्यक कार्रवाई करें। कलेक्टर ने ऐसे विभागों जिनके द्वारा कर्मचारियों की सार्थक ऐप पर ऑन बोर्डिंग अभी तक नहीं की गई है उन विभागों को एवं विशेष कर जिन विभागों के कर्मचारी फील्ड पर कार्यरत रहते हैं जैसे पी एच ई, कृषि आदि विभागों को जिला ई गवर्नेंस से संपर्क कर ऑन बोर्डिंग प्रक्रिया आज शाम तक पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया है।
कलेक्टर ने खसरा लिंकिंग, समग्र ई केवाईसी, पेंशन ई केवाईसी आदि कार्यों में प्रदर्शन के लिए असंतोष व्यक्त करते हुए समस्त सीएमओ एवं सीईओ को निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह के अंदर लंबित प्रकरणों में निराकरण करते हुए कार्रवाई करें तथा आवश्यकता पड़ने पर शिविर लगाकर उक्त कार्यवाही करें। पंचायत वार एवं वार्ड वार डोर टू डोर अभियान चला कर भी पेंशन एवं समग्र ई केवाईसी के लंबित प्रकरण निराकृत करें जिससे कोई भी पात्र हितग्राही शासन की जनहितैषी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। उक्त कार्य में शत प्रतिशत वेरिफिकेशन होना अनिवार्य है जिससे की वास्तविक हितग्राहियों को ही शासन की योजनाओं का लाभ अर्जित हो।
बैठक में कलेक्टर द्वारा पूर्व में शासन द्वारा निर्देशित जर्जर भवनों के डिस्मेंटल किए जाने के संबंध में जारी निर्देशों के परिपालन में की गई कार्यवाही की भी समीक्षा की। उन्होंने डीपीसी, समस्त सीएमओ,सीईओ आदि संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि ऐसे भवनों को डिस्मेंटल किया गया है कि नहीं इस संबंध में रिपोर्ट प्रस्तुत करें एवं अगर ऐसे भवनों को डिस्मेंटल किया जा चुका है तो उन्हें सत्यापित कर एक प्रमाण पत्र भी जारी करें। कोई जर्जर भवन यदि डिस्मेंटल नहीं किए गए हैं तो इसकी विस्तृत रिपोर्ट एक दिवस में प्रस्तुत करें कि क्यों उन भवनों को गिराया नही गया या सील बंद नहीं किया गया।
कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं की भी समीक्षा की। कलेक्टर सुश्री मीना ने सीएमएचओ द्वारा स्टॉप डायरिया मलेरिया सिकल सेल एनीमिया आदि के संबंध में की जा रही कार्यवाही तथा बच्चो में हीमोग्लोबिन की कमी, सैम श्रेणी, मैम श्रेणी, जन्म से ही किसी समस्या या बीमारी से ग्रसित बच्चों के संबंध में प्रस्तुत आंकड़ों पर असंतोष व्यक्त करते हुए उन्हें डाटा अपडेट करने के लिए निर्देशित किया है। उन्होंने कलेक्टर की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक भी आयोजित करने के लिए निर्देशित किया। कलेक्टर ने सीएमएचओ नर्मदापुरम को निर्देश दिए हैं कि सिकल सेल एनीमिया की सतत रूप से स्क्रीनिंग की जाए। स्कूल शिक्षा विभाग, ट्राइबल, हायर एजुकेशन, आदि के साथ समन्वय कर बच्चों की स्क्रीनिंग करें। आवश्यकता पड़ने पर शिविर भी लगाए जाएं तथा स्क्रीनिंग की प्रगति रिपोर्ट भी प्रस्तुत करना सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में कलेक्टर ने डीआरसीएस को भुगतान के लिए लंबित ई पी ओ के संबंध में आवश्यक कार्यवाही किए जानें, तथा जारी किए हुए एवं साइन किए हुए ई पी ओ के लिए भुगतान किये जाने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने कहा है की निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप अपग्रेडेशन कार्य में भी गति लाए।
कलेक्टर द्वारा निराश्रित गौ वंश के संबंध में की जा रही कार्यवाहियों की भी समीक्षा की। उन्होंने समस्त संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस कार्य में और अधिक प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। सड़कों एवं राजमार्गों पर पाए जा रहे निराश्रित गौवंश के लिए गौशालाओं के अतिरिक्त अन्य आश्रय स्थलों को भी तैयार किया जाए तथा उन स्थानों पर पशुओं के लिए भूसे, चारे, पानी आदि की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। कलेक्टर ने समस्त एसडीएम जनपद सीईओ एवं सीएमओ को निर्देशित किया है कि वे सभी नेशनल हाईवे पर भी सतत रूप से आकस्मिक निरीक्षण
करते रहें। उन्होंने कहा है कि संभागायुक्त द्वारा भी इटारसी केसला बैतूल मार्ग पर निराश्रित पशुओं की समस्या के संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। अतः उक्त संबंध में सर्व संबंधित अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि सड़कों पर निराश्रित गौवंश ना पाए जाएं।
कलेक्टर ने सहायक आयुक्त ट्राइबल द्वारा छात्रावास ओं के निरीक्षण के पश्चात की जा रही कार्रवाई पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा है कि उक्त दिशा में तत्परता से कार्य नहीं किया जा रहा है। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारी को ग्राम वनाधिकार समिति के समक्ष प्रस्तुत किए गए दांवों की रिपोर्ट शाम तक उनके सम्मुख प्रस्तुत करने के लिए निर्देशित किया।
कलेक्टर द्वारा उच्च न्यायालय के रिट याचिका तथा अवमानना के लंबित प्रकरणों में भी समय पर दावा जवाब प्रस्तुत करने के लिए निर्देशित किया गया। उन्होंने एसडीएम इटारसी, एसडीएम पिपरिया, विकासखंड शिक्षा अधिकारी सोहागपुर आदि को समय सीमा के भीतर दावा जवाब प्रस्तुत किए जाने की कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने उक्त विषय के संबंध में समस्त विभागों को निर्देशित किया है कि यदि अवमानना/ रिट याचिका के प्रकरणों में दावा जवाब प्रस्तुत किया जा चुका है तो प्रकरण की रिपोर्ट जिला कार्यालय में संबंधित शाखा के अधिकारी को प्रस्तुत किया जाना सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों के निर्देशित किया है कि शासकीय प्रक्रिया में मौखिक रूप से कोई भी कार्य न किया जाए। किसी भी कार्य के लिए निर्धारित नियम अनुसार प्रक्रिया का पालन करते हुए आवश्यक कार्यवाहीं एवं पत्राचार किया जाए। शासकीय बैठक में भी किसी भी प्रकार की रिपोर्ट लिखित रूप से स्पष्ट जानकारी के साथ प्रस्तुत की जाए।
कलेक्टर जिले में संचालित वृक्षारोपण अभियान की विस्तृत रूप से समीक्षा की उन्होंने समस्त विभागों को निर्देशित किया है कि जो भी विभाग निर्धारित वृक्षारोपण लक्ष्य पूर्ति में पीछे हैं वे सभी विभाग अपने कार्य में गति लाए एवं वायुदूत एप पर जानकारी भी अपलोड करें। बैठक में सुश्री मीना ने भिक्षावृत्ति के संबंध में शासन द्वारा जारी निर्देशों के पालनार्थ समस्त जानपद सीईओ, सीएमओ, महिला एवं बाल विकास विभाग आदि को निर्देशित किया है कि उक्त संबंध में जिले के विभिन्न मंदिरों, होटल, रेलवे स्टेशन आदि स्थानों पर सर्वे करें एवं 10 दिवसों में रिपोर्ट प्रस्तुत किया जाना सुनिश्चित करें साथ ही ऐसे व्यक्तियों के पुनर्वास के लिए कार्ययोजना भी तैयार करें।
उन्होंने विजन डॉक्युमेंट के संबंध में विभागों द्वारा तैयार की गई जानकारी की भी समीक्षा की। कलेक्टर ने एडीएम डी के सिंह को निर्देशित किया है कि तीर्थ दर्शन योजना के संबंध में शासन से प्राप्त निर्देशों के अनुरूप प्रस्ताव तैयार करें। बैठक में कलेक्टर द्वारा औद्योगिक क्षेत्र के विकास के लिए, फूड प्रोसेसिंग एवं फूड पार्क के लिए चिन्हित की गई भूमियों पर एमपीआईडीसी द्वारा की गई कार्यवाही की भी विस्तार से समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। कलेक्टर ने मोरंड गंजाल नदी प्रोजेक्ट की कार्यप्रगति की समीक्षा कर एसडीएम सिवनी मालवा को प्रोजेक्ट के लिए चिन्हांकित की गई भूमि, कार्यवाही के लिए उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया।
बैठक में कलेक्टर ने सीएमओ नर्मदापुरम को निर्देश दिए की स्थानीय स्तर पर पर्यटन स्थलों को चिन्हित कर उनकी सूची तैयार की जाए तथा उन स्थलों को विकसित करने के लिए की जा रही है कार्यवाही के संबंध में भी विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
उन्होंने सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों में सी एवं डी ग्रेडिंग प्राप्त विभागों को प्रकरणों के निराकरण में आवश्यक कार्रवाई की जाने के लिऐ लोक सेवा प्रबंधक को संबंधित विभाग प्रमुखों को पत्र जारी कर ग्रेडिंग सुधार किए जानें के लिए निर्देशित किया। बैठक में कलेक्टर ने निर्देशित किया है कि एसपीएम, बीएसएनल, तवा आदि विभागों के खाली पड़े हुए आवासों को चिन्हित करते हुए नियमानुसार कार्यवाही की जाए।
कलेक्टर ने जनसुनवाई, समय सीमा आदि के लंबित प्रकरणों के निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत एसएस रावत, एडीएम डी के सिंह, डिप्टी कलेक्टर बबीता राठौड़ सहित अन्य अधिकारी बेठक में उपस्थित रहे। समस्त अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार वीसी के माध्यम से बैठक में जुड़े।

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