शिवम् गोलीकांड निकला फर्जी,
फरियादी ने स्वयं रची थी साजिश
साजिश में परिजन एवं अन्य लोग शामिल,
फरियादी पर होगा मामला दर्ज
तकनीकी साक्ष्य के आधार पर पुलिस अधीक्षक ने किया खुलासा
नर्मदापुरम। जिला मुख्यालय के होमगार्ड आफिस के पास हुए गोलीकांड की घटना फर्जी निकली। दरअसल, फरियादी ने ही अपने विरोधियों को फंसाने के लिए यह साजिश रची थी और स्वयं कार के भीतर ही अपने हाथ में फायर कर लिया था। इस मामले में उसके परिजनों ने भी उसका सहयोग किया था।अब पुलिस फरियादी के खिलाफ भी साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज करेगी।
सोमवार को जिला मुख्यालय पर गोलीकांड मामले का खुलासा करते हुए एसपी डॉ. गुरुकरन सिंह ने बताया कि यह घटना कूटरचित थी। इसमें फरियादी शुभम तिवारी और उसका परिवार शामिल है। यह केवल अपने विरोधियों को फंसाने की साजिश थी। पुलिस अधीक्षक श्री सिंह ने बताया कि इस तरह की पटना चंबल क्षेत्र में अक्सर होती है पर फरियादी उसकी झूठी कहानी में हमेशा फंस जाते हैं। रविवार को हुए गोलीकांड घटनास्थल को देखने के बाद मूझे संदेह हुआ था। जिसमें एसडीओपी पराग सैनी, शहर कोतवाली टीआई विक्रम रजक , साइबर व उनकी टीम गोलीकांड की तह में जाने में जुटे रहे।
सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तकनीकी साक्ष्य किए एकत्रित
पुलिस ने जांच में तकनीकि साक्ष्य एकत्र किये और सीसीटीवी फुटेज खंगाले। करीब 20 जगहों के फुटेज देखे, कहीं ऐसी कोई घटना नहीं दिखी। जिसके चलते फरियादी शिवम तिवारी की कहानी झूठी पाई गई। फरियादी ने पुलिस को रविवार सुबह 7 बजे गोलीकांड होना बताया था और कोतवाली पुलिस ने मामले में तीन लोगों पर एफआईआर दर्ज कर ली थी। फरियादी युवक शुभम तिवारी के अनुसार वह अपनी मां विनीता तिवारी के साथ अपने मामा के गांव से नर्मदापुरम आ रहा था। इसी दौरान होमगार्ड आफिस के पास बाइक सवार तीन युवकों ने चलती कार पर फायरिंग की। गोली कांच में छेद करते हुए उसके हाथ में जा घुसी। मित्र और परिचितों ने घायल शुभम तिवारी को जिला अस्पताल पहुंचाया। गोली चलाने के मामले में पुलिस ने पुणेश शर्मा, साजन राजपूत व एक अन्य पर प्रकरण दर्ज किया था। अब पुलिस ने जांच के बाद मामले को फर्जी बताया है, आगे पुलिस की कार्यवाही जारी है। पुलिस ने कुछ महीने पहले हुए आनंद नगर स्थित लॉज वुड्स के सामने गोली कांड को भी जोड़कर देखा है ।
पुलिस ने बताया कि फरियादी की गाड़ी का एक्सीडेंट नारायण नगर पुलिया के पास 4 जून की सुबह तड़के 4 बजे हुआ था। पुलिस फरियादी शिवम तिवारी व उसके साथ में शामिल लोगों के खिलाफ मामला पंजीबद्ध करेगी। शिवम तिवारी के ऊपर पूर्व में भी कई मामले दर्ज हैं।
टीम को मिलेगा दस हजार का इनाम
पुलिस अधीक्षक करन सिंह ने बताया कि एसडीओपी पराग सैनी, शहर कोतवाली टीआई विक्रम रजक, साइबर एवं पुलिस टीम ने मिलकर इस पूरे घटनाक्रम की गुत्थी सुलझाई है। इस मामले में एसडीओपी पराग सैनी को प्रशंसा पत्र और पूरी टीम को दस हजार रुपए का पुरस्कार दिया जाएगा।
मनोज सोनी editor-in-chief




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