तमिलनाडु /चेन्नई की साईबर क्राईम पुलिस जिला नर्मदापुरम में ठगी के एक आरोपी को किया गिरफ्तार ,मुख्य आरोपी की तलाश युवाओं को नौकरी लगाने के बहाने खुलवाते थे खाते फिर करते थे ट्रांजेक्श - AKN News India

Breaking

Post Top Ad

Post Top Ad

Friday, 17 May 2024

तमिलनाडु /चेन्नई की साईबर क्राईम पुलिस जिला नर्मदापुरम में ठगी के एक आरोपी को किया गिरफ्तार ,मुख्य आरोपी की तलाश युवाओं को नौकरी लगाने के बहाने खुलवाते थे खाते फिर करते थे ट्रांजेक्श


 

तमिलनाडु /चेन्नई  की साईबर क्राईम पुलिस जिला नर्मदापुरम में 

ठगी के एक आरोपी को किया गिरफ्तार ,मुख्य आरोपी की तलाश

युवाओं को नौकरी लगाने के बहाने खुलवाते थे खाते फिर करते थे ट्रांजेक्शन


नर्मदापुरम। शहर के समीपस्थ सिवनी मालवा तहसील के ग्राम बाबरी घाट के कुछ लोगों द्वारा गांव के ही युवाओं को बहला फुसलाकर नौकरी दिलाने के बहाने जयपुर राजस्थान, बॉम्बे महाराष्ट्र ले जाया जाता था, और वहां उनका खाता खुलवाया जाता था, और फिर बदमाश उनके खाते से ठगी कर ट्रांजेक्शन करते थे। इस मामले की जिले की पुलिस को तो भनक नहीं लगी लेकिन चेन्नई तमिलनाडु की पुलिस सिवनी मालवा पहुंच गई और एक आरोपी को अरेस्ट करके ले गई। ऑनलाइन ठगी के मामले में चेन्नई की सायबर पुलिस ने आरोपी को सिवनी मालवा में उस समय दबोच लिया जब वह अपने दोस्त के साथ बाइक से हाट बजार के आसपास घूम रहा था। खास बात यह है कि इस मामले की भनक जिला या सिवनी मालवा पुलिस को कानों कान नहीं लगी। मोबाइल लोकेशन के आधार पर चेन्नई की साइबर क्राईम पुलिस यहां पहुंची और आरोपी को दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपी का नाम आशीष यदुवंशी है। ग्राम बाबरी निवासी आशीष ने कई लोगों को ठगा है। बेरोजगारों को मुंबई महाराष्ट्र और जयपुर राजस्थान में नौकरी लगवाने के नाम पर वहां भिजवाता था, उनके  बैंक खाते खुलवाता था और फिर उन खातों से लेन देन करता था। गिरोह का मास्टर माइंड मनीष सोम सिंह है जो अभी फरार है जिसकी तलाश की जा रही है। मनीष ग्राम बाबरी का रहने वाला है। और मनीष यदुवंशी ने बाबरी के कुछ बेरोजगार लोगों को नौकरी दिलाने के लिए जयपुर सहित अन्य प्रांतों में लेकर गया था। यह बात संभागीय मुख्यालय पर जनचर्चा का विषय बनी हुई है।

 सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बताया जाता है कि आशीष यदुवंशी और अन्य लोगों को वहां नौकरी पर रखवाने की बात कहीं और उन्हें रखवाया भी फिर मनीष ने इनके बराबर खाते खुलवाए और इनके खाते से ट्रांजेक्शन करवाता था। इस पूरे मामले में अहम भूमिका मनीष नामक व्यक्ति की बताई जा रही है। साथ ही आशीष, मनीष का रिश्तेदार भी बताया जा रहा है, और यह लोग ग्राम बाबरी के ही रहने वाले है। इस मामले को लेकर न्याययिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी साहंगी दुग्गल मजिस्ट्रेट सिवनी मालवा की कोर्ट में आरोपी को ट्रांजिट रिमांड के लिए पेश किया गया। जहाँ से उसेे दूसरे स्टेट मेें चेन्नई भेजा गया ।

बदमाश जयपुर की कंपनी में करता है काम

बताया जाता है कि आशीष यदुवंशी जयपुर की किसी कंपनी में काम करता है। इसके साथ काम करने वाला पार्टनर भी इस मामले में लिप्त है ।जयपुर में रहते हुए आरोपी ने करोड़ों रुपए का ठगी की है। इस बात की जानकारी चेन्नई की साइबर पुलिस को लगी तो एक टीम नर्मदापुरम जिले के तहसील सिवनी मालवा ग्राम बाबरी घाट की लोकेशन ट्रेक करते हुए यहां पहुंची और आरोपी को दबोच लिया। 

अभी फरार है मामले का मास्टर माइंड 

सिवनी मालवा के ग्राम बाबरी घाट का रहने वाला में मास्टरमाइंड मनीष सोम सिंह यदुवंशी जो की जयपुर और मुंबई में कंपनी में काम दिलाने के बहाने ग्राम के बाबरी बेरोजगार युवाओं को  ले जाता था। कुछ लोग जयपुर में नौकरी करने के लिए वहां गए भी थे । वह इनके साथ बराबर जयपुर में खाता खुलवाता था और उनके नाम से ट्रांजेक्शन करता था। इसने कई गांव के भोले भाले लोगों के साथ ऐसा किया है और लगभग करोड़ों रुपए का ठगी की है। इसी मामले में इसी का रिश्तेदार अजय यदुवंशी को पुलिस ने धर दबोचा।


सामने आया 50 लाख की ठगी का मामला

आशीष यदुवंशी पिता भारत सिंह यदुवंशी ग्राम बाबरी घाट द्वारा 50 लाख की ठगी का मामला सामने आया है। चेन्नई साइबर सेल द्वारा आरोपी आशीष की लोकेशन ट्रेस करके चेन्नई से साइबर सेल पुलिस द्वारा सिवनी मालवा से आशीष को पकड़ा गया। अभी मास्टरमाइंड फरार है।

कोर्ट में पेश कर ले जाएंगे चेन्नई

सिवनी मालवा से अरेस्ट किए गए बदमाश को कोर्ट में पेश कर चेन्नई ले जाया जाएगा। यहां से चेन्नई पुलिस रिमांड भी सीजेएम से ले सकती है। बदमाश जयपुर के कुछ लोगों के साथ मिलकर साइबर ठगी को अंजाम देता था।

इनका कहना

व्यावहारिक रूप से, ट्रांजिट रिमांड ऑर्डर एक न्यायिक मजिस्ट्रेट के उस आदेश को संदर्भित करता है जिसमें गिरफ्तार व्यक्ति को दूसरे राज्य में स्थानांतरित करने के लिए पुलिस हिरासत में भेजा जाता है । कल्पना कीजिए कि आपको एक राज्य में गिरफ्तार किया गया है, लेकिन पुलिस को आपको आगे की जांच के लिए दूसरे राज्य में ले जाना होगा जहां आपके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। ट्रांजिट रिमांड - जैसे कि कोई व्यक्ति दिल्ली में मुंबई पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया जाए और मुंबई पहुचने में 2 दिन लगेंगे तो आरोपी को दिल्ली में ही मजिस्ट्रेट के सामने पेश करना होगा।

अनूप तोमर

एक्सपर्ट व्यू अधिवक्ता नर्मदापुरम


इनका कहना है

ग्राम बाबरी घाट के आशीष नाम के व्यक्ति द्वारा ठगी का मामला सामने आया है ।आशीष की उम्र  23 से 24 वर्ष की है। लगभग 50 लाख रूपए का मामला है। चेन्नई से पुलिस आई थी। उसे कोर्ट से परमिशन लेकर चेन्नई ले जाया गया।

ऊषा मरावी

टीआई, सिवनी मालवा


इनका कहना

मुझे यह मामला आपके द्वारा संज्ञान में आया है इस बात की मुझे कोई सूचना नहीं है । 

विवेक यादव

थाना प्रभारी, शिवपुर


No comments:

Post a Comment

सर्वाइकल कैंसर से बचाव का सशक्त उपाय है एचपीवी वैक्सीन जिले में में 20 मार्च को 640 बालिकाओं ने लगवाया टीका अब तक 3278 बालिकाओं को लगी एचपीवी वैक्सीन

 मनोज सोनी एडिटर इन चीफ  सर्वाइकल कैंसर से बचाव का सशक्त उपाय है एचपीवी वैक्सीन जिले में में 20 मार्च को 640 बालिकाओं ने लगवाया टीका अब तक 3...

Post Top Ad

Responsive Ads Here